असली हींग की पहचान कैसे करें? FSSAI ने बताया आसान फ्लेम टेस्ट और फायदे

क्या आपकी रसोई में मौजूद हींग शुद्ध है? FSSAI के आसान फ्लेम टेस्ट से मिनटों में करें मिलावट की पहचान। जानें हींग बनने की प्रक्रिया और इसके जबरदस्त सेहत लाभ।

खाने-पीने की चीजों में मिलावट के मामले आए दिन देखने को मिल रहे हैं. जिसे लेकर FSSAI की तरफ से एक्शन तो लिया ही जाता है. इसके अलावा जागरूकता भी फैलाई जा रही है. अब उनकी तरफ से बताया गया है कि अगर हींग में कोई एक्स्ट्रा सब्सटेंस की मिलावट की गई हो तो आप एक सिंपल टेस्ट से कैसे इसका पता लगा सकते हैं. उन्होंने हींग में मिलावट का पता लगाने के लिए फ्लेम टेस्ट बताया है यानी आग जलाकर आप हींग को गर्म करके उसमें मिलावट का पता लगा सकते हैं.

FSSAI की तरफ से हींग में जो आसान सा तरीका बताया गया है. उससे आप मिनटों में मिलावट का पता लगा सकते हैं. इस आर्टिकल में हम मिलावटी हींग की पहचान के अलावा इससे होने वाले फायदे और ये कैसे बनती है. इस बारे में भी जानेंगे.

ये है आसान सा टेस्ट

हींग में मिलावट का पता लगाने के लिए आप एक चम्मच में हींग लेकर इसे फ्लेम (मोमबत्ती, गैस या माचिस) पर रखकर आंच दिखाएं. अगर हींग अच्छी तरह से जल रही है और बढ़िया आग की लौ दिख रही है तो ये मिलावटी नहीं है. अगर हींग सही से जल नहीं पा रही है और धुआं ज्यादा निकल रहा है तो इसमें मिलावट हो सकती है.

ये तरीका भी है कारगर

आप एक कांच के गिलास में पानी भरें. इसमें आधा चम्मच हींग डालकर घोल दें. शुद्ध हींग पानी में घुलती है तो रंग दूधिया हो जाता है और ये पूरी तरह से मेल्ट हो जाती है. इसे कुछ देर ऐसे ही रखने दें अगर इसमें चॉक, लाल मिट्टी, स्टार्च, सोपस्टोन जैसी चीजों कि मिलावट होगी तो ये पदार्थ कुछ ही देर में तली पर बैठ जाएंगे.

कैसे बनती है हींग?

काली मिर्च, लौंग, तेजपत्ता जैसे मसालों की तरह हींग किसी पौधे-पेड़ का फूल या फल नहीं होती है, बल्कि ये फेरुला नाम के पौधे की जड़ से निकलने वाले दूधिया पदार्थ (गोंद या रेजिन) से तैयार की जाती है. पेड़ की जड़ में कट लगाने के बाद लैक्टेस बाहर निकलता है और ये हवा लगने से सूखकर गोंद जैसा हो जाता है. इसके बाद लोग इसे इकट्ठा करते हैं, लेकिन ये महज कच्ची हींग होती है. इसे खाने लायक बनाने के लिए प्रोसेस किया जाता है. तब जाकर ये आपकी रसोई तक पहुंचती है.

हींग से ढेरों हैं फायदे

खाने में एक बेहतरीन खुशबू देने के साथ ही हींग आपकी सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद होती है. पुराने जमाने से माएं हींग को पाचन के लिए यूज करती आ रही हैं. खासकर बच्चों के पेट में दर्द होने पर हींग का घोल नाभि में लगाया जाता है तो वहीं थोड़े से गुनगुने पानी से हींग लेने से भी पेट दर्द से आराम मिलता है. पबमेड में दी गई जानकारी के मुताबिक, हींग में ऐंठनरोधी गुण होते हैं (इसलिए पेट दर्द में आराम दिलाती है) और ये कफ को कम करने से लेकर मासिक धर्म को नियमित करने में भी हेल्पफुल होती है तो वहीं इसे कृमिनाशक यानी कीड़ों को खत्म करने के लिए भी कारगर माना गया है.

कई होते हैं पोषक तत्व

पबमेड के मुताबिक, हींग में फाइबर, प्रोटीन, फास्फोरस, कैल्शियम, आयरन जैसे मिनरल्स होते हैं. इसके अलावा इसमें कैरोटीन (विटामिन ए का रूप), राइबोफ्लेविन, नियासिन (बी कॉम्प्लेक्स के विटामिन) भी अच्छी मात्रा में होते हैं. इसके अलावा भी हींग में की पावरफुल कंपाउंड पाए जाते है.

Leave A Reply

Your email address will not be published.