हरियाणा के 4 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, जानें 15 अगस्त तक कैसा रहेगा मौसम

हरियाणा में मानसून फिर सक्रिय। मौसम विभाग ने अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर और कुरुक्षेत्र में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।

चंडीगढ़: हरियाणा में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता नजर आ रहा है. मानसून टर्फ की अक्षय रेखा में बदलाव और राजस्थान के ऊपर बने साइक्लोनिक सरकुलेशन के कारण प्रदेश में मानसूनी हवाओं की सक्रियता बढ़ी है. मौसम विभाग ने आज उत्तर-पूर्वी हरियाणा के चार जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है.

इन चार जिलों में भारी बारिश का अलर्ट: मौसम विभाग के अनुसार अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर और कुरुक्षेत्र में भारी बारिश की संभावना है. वहीं करनाल, कैथल और आसपास के क्षेत्रों में तेज बारिश हो सकती है. प्रशासन और लोगों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी गई है.

12 जिलों में बारिश के आसार: हिसार, जींद, रोहतक, सोनीपत, पानीपत, गुरुग्राम, फरीदाबाद, झज्जर, रेवाड़ी, महेंद्रगढ़, भिवानी और चरखी दादरी में मध्यम बारिश के आसार हैं. बारिश के बावजूद उमस और गर्मी से लोगों को खास राहत नहीं मिल रही है.

15 अगस्त तक बारिश का दौर: मौसम वैज्ञानिक डॉ. मदन खीचड़ ने कहा कि, “13 अगस्त की रात से 15 अगस्त के दौरान प्रदेश में मानसूनी हवाओं की सक्रियता बढ़ेगी. ज्यादातर क्षेत्रों में हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर तेज बारिश की संभावना है.16 अगस्त से मानसून टर्फ के हिमालय की तलहटी की ओर खिसकने की संभावना है. इसके बाद मानसूनी गतिविधियों में कमी आएगी. इस दौरान बीच-बीच में बादल छाए रह सकते हैं. दिन के तापमान में हल्की गिरावट, जबकि रात के तापमान में मामूली बढ़ोतरी हो सकती है.”

फरीदाबाद रहा सबसे गर्म: प्रदेश में बुधवार को औसत अधिकतम तापमान में 0.5 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई और यह सामान्य से 2 डिग्री अधिक रहा. फरीदाबाद 37.8 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म रहा. अंबाला में 37.7, रोहतक में 37.3, करनाल में 36.2 और चंडीगढ़ में 36.6 डिग्री तापमान दर्ज किया गया.

हिसार में सबसे ज्यादा बारिश: पिछले 24 घंटों में हिसार में 8.3 मिमी, फतेहाबाद में 3 मिमी, सादलपुर में 2.5 मिमी और पंचकूला में 2 मिमी बारिश हुई. रात में नारनौल में 2 मिमी और नूंह में 1 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई. नमी बढ़ने से दिनभर उमस बनी रही. बारिश की गतिविधियों के बावजूद उमस और गर्मी के कारण प्रदेश में बिजली की मांग बढ़ गई. बिजली की डिमांड करीब 12,477 मेगावाट तक पहुंच गई. वहीं रात के औसत न्यूनतम तापमान में भी 0.7 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई.

Leave A Reply

Your email address will not be published.