राजस्व विभाग के पोर्टल पर इंतकाल शून्य दिखने से बड़ी मुसीबत, भू-मालिकों की रजिस्ट्री अटकी
भिवानी में राजस्व विभाग के पोर्टल पर इंतकाल शून्य दर्शाए जाने से भू-मालिकों की रजिस्ट्री अटक गई है। तकनीकी खामी के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
भिवानी जिले में राजस्व विभाग के ऑनलाइन पोर्टल पर एक गंभीर तकनीकी खामी सामने आई है, जिसके चलते पटवारियों द्वारा दर्ज किए गए करीब 1150 भूमि इंतकाल शून्य दर्शाए जा रहे हैं। इस बड़ी गड़बड़ी के कारण करोड़ों रुपये की संपत्ति के मालिक भी रिकॉर्ड में अचानक भूमिहीन हो गए हैं। सॉफ्टवेयर में खसरा, किला और खेवट नंबर तक शून्य दिखाने के कारण लोगों की जमीनों की रजिस्ट्री का काम पूरी तरह अटक गया है, जिससे परेशान भू-मालिक रोजाना तहसील कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।
📊 मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल के मिलान के बाद सुधरेगा रिकॉर्ड, पटवारियों पर बढ़ा दबाव
करीब पांच महीने पहले राजस्व विभाग ने पोर्टल पर ऑनलाइन इंतकाल दर्ज करने की व्यवस्था शुरू की थी, जिसके विरोध में शुरुआती दौर में पटवारियों और कानूनगो ने धरना-प्रदर्शन भी किया था। अब एक बार फिर पोर्टल पर पुराना रिकॉर्ड शून्य होने से पटवारियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। वर्तमान में प्रदेशभर के पटवारी ‘मेरी फसल मेरा ब्योरा’ पोर्टल पर मिस-मैच डेटा का मिलान करने में व्यस्त हैं, जिसके पूरा होने के बाद ही इस तकनीकी त्रुटि को सुधारने की प्रक्रिया शुरू हो सकेगी।
🏛️ तहसील कार्यालय में बुनियादी सुविधाओं का अभाव: टूटे सीसीटीवी और गायब पंखों से बढ़ी दुर्दशा
एक तरफ जहां तकनीकी समस्याओं ने आम जनता की मुश्किलें बढ़ा रखी हैं, वहीं दूसरी तरफ भिवानी तहसील कार्यालय की व्यवस्थाएं भी बदहाल नजर आ रही हैं। रजिस्ट्री खिड़की पर रोजाना पांच सौ से अधिक लोग पहुंचते हैं, लेकिन वहां लगे सीसीटीवी कैमरे टूटे पड़े हैं और पंखे तक गायब हैं। भीषण गर्मी और प्रशासनिक लापरवाही के बीच लोग अपने जरूरी कामों के लिए भटकने को विवश हैं। अधिकारियों का कहना है कि पोर्टल की इस तकनीकी खराबी से उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया है और जल्द ही सभी रिकॉर्ड दुरुस्त कर लिए जाएंगे।