पीजीआई चंडीगढ़ में दिवाली पर 24 घंटे मिलेगी आंखों की इमरजेंसी सेवा, डॉक्टरों की विशेष टीम तैनात
पीजीआईएमईआर (PGIMER) चंडीगढ़ में दिवाली पर 8 से 10 नवंबर तक 24 घंटे आंखों की इमरजेंसी सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। पढ़िए विशेषज्ञों की सलाह और हेल्पलाइन नंबर।
दीपावली के त्योहार पर आतिशबाजी और पटाखों से आंखों को होने वाले गंभीर नुकसान व इमरजेंसी मामलों से निपटने के लिए चंडीगढ़ स्थित पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (PGIMER) ने व्यापक और विशेष तैयारियां की हैं। संस्थान के प्रसिद्ध एडवांस्ड आई सेंटर (Advanced Eye Centre) में 8 से 10 नवंबर तक लगातार 24 घंटे आंखों से जुड़ी इमरजेंसी सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। त्योहार के दौरान मरीजों को तत्काल उपचार देने के उद्देश्य से विशेषज्ञों और सीनियर डॉक्टरों की विशेष टीमें तैनात की गई हैं।
📋 8 से 10 नवंबर तक विशेष ड्यूटी रोस्टर लागू; मरीजों की निगरानी के सख्त निर्देश
विशेष रोस्टर और इलाज की व्यवस्था:
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24 घंटे डॉक्टरों की उपलब्धता: PGIMER के नेत्र रोग विभाग ने तीन दिनों के लिए एक विशेष ड्यूटी रोस्टर तैयार किया है। इसके तहत रेजिडेंट डॉक्टरों को एडवांस्ड आई सेंटर में हर समय मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं।
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कंसल्टेंट की देखरेख: सभी आने वाले मरीजों का इलाज ऑन-कॉल कंसल्टेंट की सलाह से किया जाएगा। दिवाली के दौरान पटाखों से आंखों में चोट लगने वाले मरीजों और उन्हें दिए गए उपचार का पूरा रिकॉर्ड भी तैयार किया जाएगा।
🚑 पटाखों की चोट के अलावा अन्य आंखों की इमरजेंसी का भी तुरंत होगा इलाज
अन्य मरीजों के लिए व्यवस्था:
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निरंतर इलाज की सुविधा: नेत्र रोग विभाग ने स्पष्ट किया है कि पटाखों से होने वाली चोटों के अलावा आंखों से संबंधित अन्य सामान्य व गंभीर इमरजेंसी वाले मरीजों को भी बिना किसी रुकावट के पूरा उपचार मिलता रहेगा।
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रेफरल और डिस्चार्ज: मरीजों को अस्पताल से छुट्टी मिलने या आवश्यकतानुसार संबंधित क्लिनिक में शिफ्ट किए जाने तक लगातार इलाज जारी रखने के कड़े निर्देश जारी किए गए हैं।
⚠️ डॉक्टरों की सलाह: “छोटी सी लापरवाही बन सकती है बड़ी परेशानी, घरेलू उपचार से बचें”
नेत्र विशेषज्ञों की खास अपील:
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प्रो. उषा सिंह की चेतावनी: नेत्र रोग विभाग की प्रमुख प्रो. उषा सिंह ने कहा कि त्योहार खुशियों के लिए होते हैं, लेकिन पटाखों से होने वाली आंखों की चोट कई बार गंभीर और स्थायी नुकसान (रोशनी जाना) पहुंचा सकती है। इमरजेंसी में आने वाले मरीजों को तुरंत उपचार उपलब्ध कराने के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
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जरूरी सावधानियां: उन्होंने अपील की है कि बच्चों को अकेले पटाखे न जलाने दें। यदि किसी की आंख में चोट लग जाए तो उसे बिल्कुल न रगड़ें और न ही उस पर दबाव डालें। आंख में घरेलू नुस्खे आजमाने के बजाय सीधे विशेषज्ञ डॉक्टर से संपर्क करें।
📞 आंखों की इमरजेंसी में तुरंत इन हेल्पलाइन नंबरों पर करें संपर्क
पीजीआई के आपातकालीन संपर्क नंबर:
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मोबाईल नंबर:
9814014464 -
एडवांस्ड आई सेंटर इमरजेंसी नंबर:
6117 -
विशेष नोट: आंखों से जुड़ी किसी भी आकस्मिक चोट या समस्या की स्थिति में मरीज तुरंत उपर्युक्त नंबरों पर संपर्क कर पीजीआई चंडीगढ़ की आपातकालीन सेवाओं की मदद ले सकते हैं।