Haryana Census 2026: हरियाणा में जनगणना अधिकारियों के तबादलों पर रोक, 31 मार्च 2027 तक नहीं होंगे ट्रांसफर; जानें डिजिटल जनगणना का पूरा शेड्यूल
हरियाणा में पहली डिजिटल जनगणना को लेकर सरकार सख्त! जनगणना कार्य निदेशक ने 31 मार्च 2027 तक अधिकारियों और कर्मचारियों के स्थानांतरण पर रोक लगाने के निर्देश दिए हैं। जानें कब शुरू होगा स्व-गणना (Self-Enumeration) का पोर्टल और कब से शुरू होगा फील्ड वर्क।
चंडीगढ़: हरियाणा में जनगणना से जुड़े किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को अगले साल 31 मार्च तक स्थानांतरित नहीं किया जा सकेगा। इसके लिए जनगणना कार्य निदेशक ललित जैन ने मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी को पत्र लिखा है। स्थानीय निकाय विभाग के आयुक्त एवं सचिव को अलग से पत्र लिखते हुए जनगणना से जुड़े अधिकारियों के स्थानांतरण पर आपत्ति जताते हुए 15 जून तक इन्हें रिलीव नहीं करने को कहा है।
प्रदेश में जनगणना का पहला चरण आगामी एक से 30 मई तक चलेगा। इसके लिए शहरी स्थानीय निकायों के कार्यकारी अधिकारी (ईओ), सचिव और क्षेत्रीय कर अधिकारी (जेडटीओ) तथा अन्य अधिकारियों को प्रभार अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया है। इन्हें प्रशिक्षण का काम भी पूरा हो चुका है। प्रभार अधिकारी जनगणना प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और वे सीधे गणनाकर्ताओं और पर्यवेक्षक सुपरवाइजर के साथ काम करते हैं। पत्र में कहा गया है कि हाल ही में कुछ प्रभार अधिकारियों का तबादला
जनगणना कार्य निदेशक ने स्थानीय निकाय विभाग में अधिकारियों के स्थानांतरण पर आपत्ति जताते हुए 15 जून तक रिलीव नहीं करने का दिया निर्देश हुआ है। चूंकि यह पहली डिजिटल जनगणना होगी और प्रभार अधिकारी का डेटा पहले ही सीएमएफएस पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है, इसलिए इस समय बार-बार बदलाव करना जनगणना कार्य में बाधा पैदा कर सकता है।
यह लिखा पत्र: वहीं, जनगणना
कार्य निदेशक की ओर से मुख्य सचिव को भेजे पत्र में कहा गया है कि जनगणना कार्य मैड्यूटी देने वाले किसी भी कर्मचारी-अधिकारी का स्थानांतरण 31 मार्च 2027 तक नहीं किया जाए। प्रदेश में 16 से 30 अप्रैल तक नागरिक’ जनगणना पोर्टल’ के माध्यम से आनलाइन स्व-गणना कर सकेंगे। जनगणना का द्वितीय चरण अगले साल फरवरी में आयोजित किया जाएगा। राज्य, जिला, तहसील तथा गणना ब्लाक स्तर पर जनगणना अधिकारियों की नियुक्ति की प्रक्रिया प्रारंभ की जा चुकी है।