Kanpur News: कानपुर में ‘प्रैंक’ के चक्कर में 10 साल के बच्चे का अपहरण, 2 लाख की फिरौती मांगने वाले 5 यूट्यूबर गिरफ्तार
कानपुर के बर्रा इलाके में 10 वर्षीय बच्चे को अगवा कर 2 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई. बाद में आरोपियों ने इसे 'प्रैंक' बताकर बच्चे को छोड़ दिया. पुलिस ने मामले में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
उत्तर प्रदेश के कानपुर से अपहरण का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां मासूम बच्चे की किडनैपिंग के मामले में पुलिस ने यूट्यूबरों को पकड़ा है. दरअसल, 11 फरवरी को 10 साल का एक बच्चा घर से सामान लेने के लिए निकला था. इस दौरान दो युवक उसे पकड़कर एक सुनसान इलाके में ले गए. यहां उन्होंने बच्चे को धमकाते हुए 2 लाख की फिरौती मांगी थी. हालांकि, कुछ देर बाद उन्होंने बिना पैसे लिए ही प्रैंक करने की बात कहकर उसे छोड़ दिया.
जानकारी के अनुसार,बर्रा-8 के रहने वाले अमित शुक्ला प्राइवेट नौकरी करते हैं. परिवार में उनके अलावा, पत्नी प्रभाती, 10 साल का बड़ा बेटा हर्षल और छोटा बेटा यशू है. हर्षल चौथी क्लास का छात्र है. 11 फरवरी को शाम 7:30 बजे हर्षल घर के पास की दुकान पर सब्जी खरीदने के लिए गया था. इसी दौरान दो लड़के उसे बहला-फुसलाकर अपने साथ केडीएमए स्कूल के पास सुनसान जगह पर ले गए.
दो लोगों ने किया था किडनैप
हर्षल ने बताया कि उन लोगों ने मुझे धमकाते हुए फोन दिया और कहा कि अपनी मां को फोन करो और 2 लाख रुपए मांगो. इसके बाद डरे-सहमे हर्षल ने मां को फोन किया और कहा कि मुझे दो लोगों ने किडनैप कर लिया है. यह लोग 2 लाख रुपए मांग रहे हैं. बेटे की किडनैपिंग की बात का पता चलते ही परिवार में कोहराम मच गया. परिवार वाले फिरौती के बारे में सोच ही रहे थे कि इसी बीच 25 मिनट बाद बच्ची की मां के फोन पर दोबारा कॉल आई.
बाद में 5 हजार की मांगी फिरौती
इसके बाद किदवई नगर में यूपी किराना स्कूल के पास 5 हजार रुपए पहुंचाने की बात कही गई. रात करीब पौने 9 बजे किडनैपर्स ने फोन किया और खुद को यूट्यूबर बताया. उन्होंने कहा कि हम लोग प्रैंक कर रहे थे. इसके बाद 9 बजे करीब हर्षल सही सलामत लौट आया. घटना को गंभीरता से लेते हुए अगले दिन हर्षल की मां ने गुजैनी थाने में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने तुरंत मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी.
150 से ज्यादा CCTV खंगाले
जांच में सामने आया है कि गुजैनी थाना क्षेत्र के रहने वाले ही दो बच्चों ने फिरौती मांगी थी. उनकी गिरफ्तारी के लिए दो टीमों का गठन किया गया था. घटनास्थल के आसपास करीब 150 से ज्यादा CCTV फुटेज खंगालने के बाद पुलिस ने 3 नाबालिग सहित 8 यूट्यूबरों को पकड़ा. पकड़े जाने के बाद सभी लोग कान पकड़कर माफी मांगने लगे और कहने लगे कि आगे से कभी भी ऐसा नहीं होगा.
पुलिस की पूछताछ में उन्होंने बताया कि वह सोशल मीडिया देखकर वीडियो बनाते थे और फिर उसे इंस्टाग्राम-यूट्यूब पर पोस्ट करते थे. यह उन्होंने रियल किडनैपर बन वीडियो बनाया था. पुलिस ने नाबालिग को माफी मांगने के बाद छोड़ दिया है, जबकि पांच अन्य को गिरफ्तार किया गया है. उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है.