नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर धीमी शुरुआत, अंतरराष्ट्रीय उड़ानों और कार्गो सेवा का इंतजार
जेवर स्थित नोएडा एयरपोर्ट पर शुरुआती अनुमान से कम यात्री पहुंचे। 15 जून से 31 जुलाई तक 97,115 लोगों ने सफर किया।
नोएडा : उत्तर प्रदेश के जेवर में बने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर यात्रियों की संख्या शुरुआती अनुमान के मुकाबले आठ गुना तक कम है। 15 जून से 31 जुलाई तक एयरपोर्ट से कुल 97,115 यात्रियों ने सफर किया, जबकि अकेले जुलाई महीने में यह आंकड़ा 76,593 रहा।
नोएडा एयरपोर्ट पर बीते 15 जून 2026 को यात्री विमान सेवा शुरू की गई थी। परिचालन के बाद यात्रियों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिली, लेकिन यह वृद्धि अनुमान की तुलना में काफी धीमी है। एयरपोर्ट शुरू होने से पहले हर महीने करीब छह लाख यात्रियों के सफर करने का अनुमान लगाया गया था।
एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एएआई) द्वारा हाल में जारी आंकड़ों से संकेत मिल रहे हैं कि एयरपोर्ट के परिचालन में आगे और भी धीमी वृद्धि के आसार हैं। शुरुआती चरण में सीमित उड़ानों को यात्री संख्या कम रहने की प्रमुख वजह माना जा रहा है। हालांकि, आने वाले समय में नई उड़ानें और नए रूट जुड़ने पर यात्रियों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है। एयरपोर्ट से फिलहाल 15 शहरों के लिए उड़ानें मिल रही हैं। प्रतिदिन रनवे से 32 विमान लैंड और टेकऑफ कर रहे हैं।
एयरपोर्ट से अभी सिर्फ घरेलू उड़ानें ही शुरू हो पाई हैं। फिलहाल, अंतरराष्ट्रीय टर्मिनल का कार्य निर्माणाधीन है। अधिकारियों का दावा है कि यह काम नवंबर तक पूरा होने की उम्मीद है। इसी वर्ष अंतरराष्ट्रीय उड़ान शुरू करने की तैयारी चल रही है। ऐसे में उड़ान शुरू होने से यात्रियों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है।
कार्गो सेवा भी नहीं उड़ी
नोएडा एयरपोर्ट को शुरू हुए करीब ढाई महीना बीत चुका है। 17 जून को पहली कार्गो फ्लाइट चेन्नई से उड़ान भरकर नोएडा पहुंची थी। इसके बाद से एयरपोर्ट से दूसरी कोई कार्गो फ्लाइट नहीं उड़ी है। पिछले दिनों कार्गो बनाने वाली कंपनी ने पशुओं के आवागमन को लेकर भी दो कंपनियों के साथ समझौता किया था। फिलहाल इससे जुड़ी भी कोई कार्गो फ्लाइट नहीं उड़ पाई है।
पहली यात्री उड़ान में किसानों ने किया था सफर
गौरतलब है कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से 15 जून को लखनऊ के लिए रवाना हुई पहली उड़ान सिर्फ यात्री सेवा की शुरुआत नहीं थी, बल्कि जेवर के उन किसानों के लिए भावनात्मक पल भी बन गई थी, जिन्होंने एयरपोर्ट के लिए अपनी जमीनें दी थी। इस ऐतिहासिक उड़ान में यात्री बनकर पहुंचे किसान लखनऊ के चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट पर उतरे तो चेहरों पर गर्व, खुशी और आंखों में नमी साफ दिखी। किसानों ने साफ कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने उनके गांवों को नई पहचान दी है और सीएम योगी ने वादा निभाकर उनके सपनों को साकार किया है। एयरपोर्ट से आने वाली पीढ़ियों को नए अवसर मिलेंगे।