CM नायब सैनी के साथ न्याय समिति की वार्ता सफल, किनाला में होगा जीवन का अंतिम संस्कार
CM नायब सैनी से न्याय समिति की सफल वार्ता के बाद हांसी मुकदमे वापस होंगे। परिजन जीवन के अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए।
हिसार: हिसार में हुए जीवन हत्याकांड को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच रविवार को न्याय समिति की मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ बातचीत हुई. बैठक में सरकार की ओर से समिति की सभी प्रमुख मांगों को पूरा करने का ठोस आश्वासन दिया गया. इस समझौते में बरवाला से सुरेंद्र पूनिया ने मध्यस्थता की भूमिका निभाई. समिति सदस्य एवं पूर्व सरपंच सुरेंद्र कुंडू ने बताया कि, “मुख्यमंत्री के साथ बातचीत सफल रही है. सरकार ने हमारी सभी मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया है. इसके बाद परिजन जीवन का अंतिम संस्कार करने के लिए तैयार हैं.”
15 अगस्त के मुकदमे होंगे वापस: CM से हुई बातचीत में सबसे अहम सहमति 15 अगस्त को हांसी में हुए घटनाक्रम को लेकर बनी. समिति के अनुसार इस दौरान पथराव और अन्य घटनाओं को लेकर लोगों के खिलाफ दर्ज किए गए मुकदमे वापस लेकर रद्द किए जाएंगे. आंदोलनकारियों की ओर से लंबे समय से इन मुकदमों को वापस लेने की मांग की जा रही थी. सरकार के आश्वासन के बाद इसे समझौते के प्रमुख बिंदुओं में शामिल किया गया है.
मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी का आश्वासन: जीवन हत्याकांड के मुख्य आरोपी रमेश अत्री की गिरफ्तारी को लेकर भी सरकार ने ठोस आश्वासन दिया है. न्याय समिति लगातार मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी की मांग उठा रही थी. समिति का कहना है कि मुख्यमंत्री ने इस मामले में कार्रवाई सुनिश्चित करने का भरोसा दिया है. इससे परिवार और आंदोलनकारियों को राहत मिली है.
जब्त वाहन लौटाए जाएंगे: हांसी में आंदोलन के दौरान पुलिस द्वारा पकड़े गए वाहनों को भी वापस लौटाने पर सहमति बनी है. इसके अलावा पीड़ित परिवार की आर्थिक और अन्य आवश्यक मदद करने का आश्वासन भी सरकार की ओर से दिया गया है. न्याय समिति ने इन मांगों को भी आंदोलन के प्रमुख मुद्दों में शामिल किया था.
आज किनाला में होगा अंतिम संस्कार: सरकार के आश्वासन के बाद जीवन के परिजनों ने अंतिम संस्कार करने पर सहमति जताई है. आज किनाला में जीवन का दाह संस्कार किया जाएगा. इससे कई दिनों से चल रहे तनावपूर्ण घटनाक्रम के बीच आंदोलन के समाप्त होने की दिशा में रास्ता साफ हुआ है. समिति सदस्यों ने कहा कि सरकार द्वारा मांगें मानने के बाद अब परिवार की सहमति से अंतिम संस्कार किया जा रहा है.
4 अगस्त को हुई थी जीवन की हत्या: दरअसल, 4 अगस्त को डेयरी संचालक जीवन की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी. मृतक के पिता बिजेंद्र की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की. इस मामले में पुलिस ने 15 लोगों को आरोपी बनाया है. हत्या के बाद से ही परिवार और स्थानीय लोगों में रोष था.
महापंचायत के बाद तेज हुआ आंदोलन: वहीं, 13 अगस्त को लघु सचिवालय में महापंचायत आयोजित की गई थी. इसमें किसान संगठनों, खाप पंचायतों, किसान नेताओं और विपक्षी दलों के नेताओं ने हिस्सा लिया था. महापंचायत में प्रशासन को मांगें पूरी करने के लिए अल्टीमेटम दिया गया था. इसके बाद 14 अगस्त को सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक हरियाणा के सभी टोल प्लाजा बंद रखने का ऐलान किया गया था.
अब अंतिम संस्कार के साथ बनेगा समाधान का रास्ता: आंदोलनकारियों ने 15 अगस्त को मुख्यमंत्री को हांसी या हरियाणा के किसी अन्य जिले में तिरंगा फहराने से रोकने की चेतावनी भी दी थी. इसके बाद मामला कानून-व्यवस्था के लिहाज से संवेदनशील बन गया था. अब मुख्यमंत्री के साथ वार्ता में सहमति बनने और सभी प्रमुख मांगों पर आश्वासन मिलने के बाद परिजनों ने अंतिम संस्कार का निर्णय लिया है.