ग्रेटर नोएडा में बनेगी यूपी की पहली डबल डेकर एलिवेटेड रोड, मेरठ एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा शहर

ग्रेटर नोएडा में मेरठ एक्सप्रेसवे को जोड़ने के लिए बनेगी यूपी की पहली डबल डेकर एलिवेटेड रोड। बोर्ड बैठक में मिली मंजूरी।

ग्रेटर नोएडा की 130 मीटर चौड़ी सड़क को मेरठ एक्सप्रेसवे यानी राष्ट्रीय राजमार्ग-9 से जोड़ा जाएगा। इसके लिए एकमूर्ति चौक से शाहबेरी तक डबल डेकर (दो मंजिला) एलिवेटेड रोड और उससे आगे सिंगल एलिवेटेड रोड बनाया जाएगा। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण बोर्ड की गुरुवार को हुई बैठक में एलिवेटेड रोड और कई अन्य प्रस्तावों को मंजूरी दे दी गई। प्राधिकरण के चेयरमैन दीपक कुमार की अध्यक्षता में हुई बोर्ड बैठक हुई। अपर मुख्य सचिव आलोक कुमार वर्चुअल जुड़े।

756 करोड़ रुपये होंगे खर्च

ग्रेटर नोएडा के सीईओ रवि कुमार एनजी ने बताया कि यह प्रदेश की पहली डबल डेकर एलिवेटेड रोड होगी। नोएडा और यमुना प्राधिकरण की सहमति लेकर परियोजना को आगे बढ़ाया जाएगा। इस पर 756.01 करोड़ रुपये खर्च होंगे। वहीं, शाहबेरी नाले से आगे एनएच-9 को जोड़ने के लिए सिंगल एलिवेटेड रोड बनाई जाएगी। डबल डेकर एलिवेटेड रोड तीन और सिंगल एलिवेटेड रोड छह लेन की होगी। यह 5.75 किलोमीटर लंबी होगी। परियोजना की लागत 1280 करोड़ है। परियोजना की लागत यमुना एक्सप्रेसवे, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और जीडीए समान रूप से वहन करेंगे। इसके बनने से गाजियाबाद से ग्रेटर नोएडा तक का सफर आसान हो जाएगा।

ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से सीधे जुड़ेगा ग्रेटर नोएडा

इसके अलावा, ग्रेटर नोएडा शहर की 105 मीटर चौड़ी सड़क को भी ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा। इस सड़क का 6 किलोमीटर हिस्सा पहले ही बन चुका है। अब जुनपत गांव के पास से ईस्टर्न पेरिफेरल तक करीब 12 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण जल्द किया जाएगा। ग्रेटर नोएडा के सीईओ रवि कुमार एनजी ने बताया कि 105 मीटर चौड़ी सड़क के अलाइनमेंट में ईस्टर्न पेरिफेरल तक रेलवे लाइन, ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर लिंक लाइन और जीटी रोड आ रहा है। इन स्थानों पर तीन ओवरब्रिज बनेंगे। सड़क को 10 लेन तथा चार सर्विस लेन के रूप में विकसित किया जाएगा।

इस सड़क के लिए भूमिडा प्राधिकरण उपलब्ध कराएगा, जबकि निर्माण पर आने वाला खर्च भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण वहन करेगा। सड़क के दायरे में ग्रेटर नोएडा फेज-1, फेज-2 और दादरी-नोएडा-गाजियाबाद निवेश क्षेत्र (डीएनजीआईआर) की भूमि शामिल है। डीएनजीआईआर क्षेत्र का विकास नोएडा प्राधिकरण कर रहा है।

इस क्षेत्र में आने वाली भूमि का अधिग्रहण नोएडा प्राधिकरण करेगा। भूमि अधिग्रहण की लागत नोएडा और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण 50- 50 के अनुपात में वहन करेंगे। इस प्रस्ताव पर भी बोर्ड ने मुहर लगा दी है।

रिठौरी गांव में बनेगा एफओबी

वहीं, ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के रिठौरी गांव के लोगों को रेलवे लाइन पार करने में आ रही समस्या से जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। यहां फुटओवर ब्रिज (एफओबी) के निर्माण को बोर्ड ने मंजूरी दे दी। ग्रामीणों की मांग पर इस एफओबी को बनाने के लिए वर्ष 2022 में सांसद डॉ. महेश शर्मा ने प्राधिकरण को पत्र लिखा था। इस पर प्राधिकरण की तरफ से डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड से आवश्यक कार्रवाई के लिए अनुरोध किया गया। इसके बाद दोनों विभागों की टीम ने संयुक्त निरीक्षण कर फुटओवर ब्रिज बनाने पर सहमति जताई। इसे बनाने का खर्च प्राधिकरण को वहन करेगा। रेलवे लाइन के ऊपर निर्माण के लिए रेलवे से स्वीकृति व एनओसी भी लेनी होगी। फुटओवर ब्रिज में रैंप, सीढ़ियों और लिफ्ट का प्रावधान किया गया है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.