नेकीराम शर्मा मेडिकल कॉलेज में नेटवर्क समस्या का होगा अंत, बिछाया जा रहा इंटरनेट नेटवर्किंग का जाल
भिवानी के पंडित नेकीराम शर्मा मेडिकल कॉलेज में मोबाइल नेटवर्क समस्या दूर करने के लिए इंटरनेट नेटवर्किंग और ब्रॉडबैंड का काम शुरू हो गया है।
भिवानी। पंडित नेकीराम शर्मा शासकीय मेडिकल कॉलेज में लंबे समय से चली आ रही मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट की गंभीर समस्या को दूर करने के लिए व्यापक स्तर पर नेटवर्किंग का काम शुरू कर दिया गया है। परिसर के भीतर तारों का जाल बिछाकर सभी प्रशासनिक व चिकित्सा विभागों को हाई-स्पीड इंटरनेट से जोड़ा जाएगा। इससे डॉक्टरों, कर्मचारियों और रोजाना आने वाले हजारों मरीजों को नेटवर्क की परेशानी से बड़ी राहत मिलेगी। ज्ञात हो कि मेडिकल कॉलेज के नए भवन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 17 जुलाई 2026 को किया गया था। 600 बेड की क्षमता वाले इस अस्पताल में रोज लगभग 1500 मरीज ओपीडी में पहुंचते हैं, जिन्हें नेटवर्क न होने से भारी असुविधा का सामना करना पड़ता था।
🏥 ओपीडी पर्ची और डिजिटल इलाज प्रक्रिया होगी सुगम, 5 मंजिला इमारत में मरीजों को मिलेगी वाई-फाई की सुविधा
नेटवर्क की अनुपलब्धता के कारण स्थिति यह थी कि डॉक्टरों को मरीजों की डिजिटल एक्स-रे रिपोर्ट देखने के लिए इमारत से बाहर आना पड़ता था। बंद कमरों में मोबाइल सिग्नल न मिलने से बातचीत भी ठप हो जाती थी। अब पांच मंजिला इमारत में ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी और वाई-फाई सुविधाएं स्थापित की जा रही हैं। प्रत्येक तल पर इंटरनेट पहुंच सुनिश्चित होने से ओपीडी पर्ची और डॉक्टर के सिस्टम पर मरीज के ऑनलाइन विवरण प्रदर्शन की प्रक्रिया बिना किसी बाधा के संचालित हो सकेगी, जिससे कागजी औपचारिकताओं में लगने वाला समय भी बचेगा।
🚰 पेयजल व्यवस्था के लिए बनेगा अलग बूस्टिंग स्टेशन, सुविधाओं का किया जा रहा है विस्तार
अस्पताल परिसर में स्वास्थ्य सुविधाओं के साथ-साथ बुनियादी ढांचे का भी विस्तार किया जा रहा है। मेडिकल कॉलेज की इमारत में सुचारू जल आपूर्ति के लिए एक अलग बूस्टिंग स्टेशन बनाने की योजना तैयार की गई है। जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग ने इसकी प्रशासनिक स्वीकृति के लिए प्रस्ताव मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) को भेज दिया है। मंजूरी मिलते ही टेंडर प्रक्रिया शुरू कर पाइपलाइन और बूस्टिंग स्टेशन का निर्माण कराया जाएगा। वर्तमान में अस्पताल में नेहरू पार्क बूस्टिंग स्टेशन से अस्थायी रूप से जल आपूर्ति की जा रही है।