बीडीए की सप्तनाथ ईको सिटी परियोजना को लेकर तेज हुई तैयारियां, 120 हेक्टेयर से ज्यादा जमीन खरीदी गई
बरेली विकास प्राधिकरण की सप्तनाथ ईको सिटी परियोजना पर तेजी से चल रहा काम। 120 हेक्टेयर से अधिक जमीन अधिग्रहित।
उत्तर प्रदेश के बरेली के पीलीभीत रोड पर बरेली विकास प्राधिकरण (BDA) की महत्वाकांक्षी सप्तनाथ ईको सिटी परियोजना को लेकर तैयारियां तेजी से आगे बढ़ रही हैं. बीडीए ने इस टाउनशिप की प्लानिंग और डिजाइनिंग का काम आगे बढ़ा दिया है. परियोजना के लिए अब तक 120 हेक्टेयर से ज्यादा जमीन खरीदी जा चुकी है, जबकि बाकी जमीन खरीदने की प्रक्रिया भी चल रही है.
अधिकारियों का लक्ष्य है कि सभी जरूरी तैयारियां पूरी कर परियोजना को तय समय में आगे बढ़ाया जाए. बीडीए के अधिकारियों के मुताबिक, जरूरी स्वीकृतियां मिलने के बाद योजना का रेरा में पंजीकरण कराया जाएगा. इसके बाद इसे आम लोगों के लिए शुरू करने की तैयारी है. करीब 267 हेक्टेयर में विकसित होने वाली यह टाउनशिप बरेली के विस्तार की बड़ी परियोजनाओं में शामिल है.
सात नाथों की थीम बनेगी पहचान
सप्तनाथ ईको सिटी को बरेली की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जोड़कर विकसित करने की योजना है. परियोजना में सात नाथों की थीम को प्रमुखता दी जाएगी. टाउनशिप के डिजाइन और थीम पार्कों के जरिए नाथनगरी की पहचान को सामने लाने की तैयारी है. परियोजना से गुजरने वाली नहर को भी खास तरीके से विकसित करने की योजना है.
नहर के आसपास हरित क्षेत्र, पैदल चलने के लिए रास्ते, बैठने की जगह और लैंडस्केपिंग की जाएगी. नहर का क्षेत्र सिर्फ पानी की धारा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसे लोगों के लिए खुले और मनोरंजन वाले स्थान के रूप में विकसित किया जा सकता है.टाउनशिप में लोगों की जरूरत को ध्यान में रखते हुए स्कूल, फायर स्टेशन, पेट्रोल-सीएनजी पंप, पावर सब स्टेशन, पार्क और व्यावसायिक क्षेत्र जैसी सुविधाओं का प्रावधान किया गया है. इसके साथ ही हरियाली और खुले स्थानों पर भी जोर दिया गया है.
बिजली व्यवस्था के साथ सौर ऊर्जा और रेन वाटर हार्वेस्टिंग पर जोर
भविष्य में यहां बढ़ने वाली आबादी को ध्यान में रखते हुए बिजली की व्यवस्था के लिए 132 केवी बिजली केंद्र और पावर सब स्टेशन का प्रावधान किया गया है. परियोजना में सौर ऊर्जा और बिजली की बचत से जुड़ी व्यवस्थाओं को भी शामिल किया जा रहा है. बारिश के पानी को जमीन के अंदर पहुंचाने के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग की व्यवस्था प्रस्तावित है. बीडीए का कहना है कि टाउनशिप को आधुनिक सुविधाओं के साथ हरित क्षेत्र के रूप में विकसित करने की कोशिश है.
बीडीए उपाध्यक्ष सौम्या पांडेय परियोजना की प्लानिंग और तैयारियों की लगातार समीक्षा कर रही हैं. उनका कहना है कि सप्तनाथ ईको सिटी को आधुनिक सुविधाओं और बरेली की नाथनगरी की पहचान के साथ विकसित करने की योजना है. परियोजना की प्लानिंग से लेकर अलग-अलग सुविधाओं के लिए जगह तय करने तक लगातार समीक्षा की जा रही है.