भोजपुरी अभिनेत्री आकांक्षा दुबे की संदिग्ध मौत की CBI जांच से हाईकोर्ट का इनकार, याचिका खारिज
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भोजपुरी अभिनेत्री आकांक्षा दुबे की संदिग्ध मौत की सीबीआई जांच की मांग वाली याचिका खारिज कर दी है। याची पक्ष अब सुप्रीम कोर्ट जाएगा।
भोजपुरी फिल्म जगत की चर्चित अभिनेत्री आकांक्षा दुबे की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से याची पक्ष को झटका लगा है। अदालत ने मामले की सीबीआई (CBI) जांच कराने या दोबारा जांच के आदेश देने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया है। अभिनेत्री की मां मधु दुबे ने बेटी की मौत को आत्महत्या के बजाय हत्या बताते हुए निष्पक्ष जांच की गुहार लगाई थी। हाईकोर्ट के इस फैसले के बाद याची पक्ष के अधिवक्ता सौरभ तिवारी ने अब इस मामले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देने की बात कही है।
🔍 शव के अभाव में आगे की जांच संभव नहीं: हाईकोर्ट की खंडपीठ ने दिया स्पष्ट आदेश
इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति राजीव मिश्रा और न्यायमूर्ति डॉ. अजय कुमार द्वितीय की खंडपीठ ने सुनवाई के दौरान यह अहम फैसला सुनाया। अदालत ने स्पष्ट किया कि मृतका का शव उपलब्ध न होने की स्थिति में घटना के तरीके और मौत के वास्तविक कारणों की आगे दोबारा जांच नहीं की जा सकती। गौरतलब है कि अभिनेत्री आकांक्षा दुबे का शव 26 मार्च 2023 को वाराणसी के सारनाथ इलाके के एक होटल के कमरे में मिला था, जिसके बाद सारनाथ थाने में एफआईआर दर्ज की गई थी और 3 जून 2023 को आईपीसी की धारा 306 के तहत चार्जशीट दाखिल कर दी गई थी।
🏛️ याची पक्ष ने फॉरेंसिक साक्ष्यों का दिया था हवाला: अब सर्वोच्च अदालत का रुख करेंगे परिजन
सुनवाई के दौरान याची पक्ष के वकील ने दलील दी कि मृतका के निजी अंगों से जुड़े कुछ ऐसे फॉरेंसिक साक्ष्य मिले थे जिनका आरोपी से मिलान होने का दावा किया गया है। इसी आधार पर मामले को हत्या बताते हुए नए सिरे से जांच की मांग की गई थी। हालांकि, कोर्ट ने कहा कि चार्जशीट दाखिल होने के बाद और निचली अदालत में इसे चुनौती न दिए जाने के कारण यह तर्क स्वीकार्य नहीं है। न्याय की आस लगाए बैठी मृतका की मां और परिजनों ने अब हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने का निर्णय लिया है।