कौन थे पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना? क्रशर प्लांट विवाद में पीट-पीटकर हत्या, दो साल से चल रहा था गतिरोध

भरतपुर में वारदात से सनसनी; 70-80 लोगों की भीड़ पर लाठी-डंडों से हमला करने का आरोप, गंभीर चोटों के कारण हुई मौत

न्यूज़ डेस्क राजस्थान। भरतपुर। राजस्थान के भरतपुर जिले में क्रशर प्लांट और खनन से जुड़े विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। बयाना विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना पर रविवार देर रात वैर क्षेत्र के पास हमला किया गया। घटना में गंभीर रूप से घायल भड़ाना की जयपुर ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। उनके साथ मौजूद गनमैन गगन शर्मा भी हमले में घायल हुए।

प्रारंभिक मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, घटनास्थल पर 70 से 80 लोगों की भीड़ पहुंची थी। आरोप है कि भीड़ ने अतर सिंह भड़ाना और उनके गनमैन पर लाठी-डंडों से हमला किया। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी।

गोली लगने से नहीं, गंभीर चोटों के कारण हुई मौत

घटना के शुरुआती दौर में गोली मारे जाने की चर्चा सामने आई थी। हालांकि, प्रकाशित मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज, जयपुर के प्रिंसिपल डॉ. दीपक माहेश्वरी ने बताया कि मौत गोली लगने से नहीं, बल्कि शरीर पर गंभीर चोटों के कारण अत्यधिक रक्तस्राव होने से हुई।

क्या था विवाद की जड़?

पुलिस जांच से जुड़ी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, क्रशर प्लांट के संचालन, खनन गतिविधियों और स्थानीय रास्ते तथा पहाड़ी को लेकर विवाद चल रहा था। बताया जा रहा है कि इस मुद्दे पर पिछले करीब दो वर्षों से स्थानीय ग्रामीणों और क्रशर संचालक पक्ष के बीच तनाव बना हुआ था। विरोध-प्रदर्शन और आपसी झड़पों की घटनाएं भी सामने आई थीं।

कैसे हुआ हमला?

प्राप्त मीडिया जानकारी के अनुसार, रविवार को अतर सिंह भड़ाना पहाड़ी पर चल रहे खनन कार्य के दौरान मौके पर मौजूद थे। इसी दौरान बड़ी संख्या में लोग वहां पहुंचे और कथित तौर पर उन पर तथा उनके गनमैन पर हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल भड़ाना को उपचार के लिए जयपुर ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया।

घटना में शामिल लोगों की वास्तविक संख्या, हमले की पूरी परिस्थितियों और जिम्मेदार व्यक्तियों की भूमिका का निर्धारण पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा।

कौन थे अतर सिंह भड़ाना?

अतर सिंह भड़ाना मूल रूप से हरियाणा के रहने वाले थे। उन्होंने राजस्थान के भरतपुर जिले की बयाना विधानसभा सीट से वर्ष 2003 में जीत दर्ज कर विधानसभा में प्रतिनिधित्व किया था। गुर्जर समाज में उनकी राजनीतिक पहचान रही और क्षेत्रीय राजनीति में उन्हें प्रभावशाली नेता के रूप में जाना जाता था।

जांच के बाद स्पष्ट होंगी तस्वीर

इस घटना ने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और खनन से जुड़े विवादों को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है। हमले के पीछे की परिस्थितियों, आरोपियों की पहचान और विवाद के विभिन्न पहलुओं की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी

Leave A Reply

Your email address will not be published.