CJP विवाद: अभिजीत दीपके ने बताया क्यों नहीं कर रहे भूख हड़ताल
जंतर-मंतर पर सोनम वांगचुक का अनशन जारी। अभिजीत दीपके ने अनशन न करने की वजह 'माइग्रेन' बताई। वांगचुक के बयान से सोशल मीडिया पर बढ़ा विवाद। जानें पूरी अपडेट।
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दीपके पिछले 19 दिनों से जंतर-मंतर पर धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। इसी मंच पर सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी 11 दिनों से अनशन पर डटे हुए हैं। इस बीच सोशल मीडिया पर कई लोग यह सवास उठा रहे हैं कि क्यों खुद अभिजीत दीपके या उनकी पार्टी के प्रवक्ता अनशन नहीं करते? अभिजीत दीपके ने पहले तो यह कहा कि खुद सोनम वांगचुक ने कोर टीम के सदस्यों को अनशन नहीं करने को कहा ताकि वे प्रदर्शन का प्रबंधन ठीक से कर सकें, अब उन्होंने एक नई वजह भी बताई है।
अभिजीत दीपके ने एक यूट्यूब चैनल से बातचीत में बताया कि उन्हें माइग्रेन की समस्या है और इसलिए भूखे नहीं रह पाते हैं। दीपके से जब पूछा गया कि क्या वह भी अब भूख हड़ताल करेंगे तो उन्होंने साफगोई से कहा, ‘नहीं, भूख हड़ताल मुझे नहीं लगता कि मेरे बस की है। माइग्रेन का प्रॉब्लम है यार। मेरी मां तो यही बोलती है कि तुझे टाइम पर खाना ना आए तो सिर पकड़ लेता है अपना, क्या कर रहा है तू अभी।’ अभिजीत दीपके ने इससे पहले यह भी कहा कि सोनम वांगचुक के कहने पर वह या उनकी टीम के अन्य सदस्य अनशन नहीं कर रहे हैं।
वांगचुक के बयान के बाद बढ़ा विवाद
दरअसल, अभिजीत दीपके के अनशन नहीं करने को लेकर तब सवाल ज्यादा उठने लगे जब सीजेपी के मंच से सोनम वांगचुक ने समर्थकों से कहा कि वे यहां आकर ठूंस-ठूंसकर खाते हैं और यह देखकर उन्हें दुख होता है। वांगचुक के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियोज की बाढ़ आ गई जिसमें वांगचुक के बयान के साथ दीपके को खाते पीते दिखाया जा रहा है। दीपके ने एक चैनल से बातचीत में कहा कि ये वीडियो पुराने हैं और मुद्दे को भटकाने की कोशिश की जा रही है।
‘वांगचुक को अनशन का अनुभव’
अभिजीत दीपके का कहना है कि वह सोनम वांगचुक से भी बार-बार अनशन खत्म करने की अपील कर रहे हैं, लेकिन वह अड़े हुए हैं। दीपके ने पिछले दिनों अनशन पर बैठे दूसरे छात्रों से भूख हड़ताल खत्म करने की अपील करते हुए कहा था कि वांगचुक को अनशन का अनुभव है, लेकिन अन्य लोगों को इसे खत्म कर देना चाहिए। सीजेपी के संस्थापक ने कहा कि यह लड़ाई लंबी चलने वाली है और अनशन करके जान को जोखिम में नहीं डालना चाहिए। गौरतलब है कि सोनम वांगचुक का वजन भी तेजी से घट रहा है। 11 दिन में उनका वजन 7 किलो से अधिक घट चुका है और अब उन्हें चलने फिरने के लिए भी सहारे की जरूरत पड़ रही है।