गाजियाबाद में अवैध निर्माण पर जीडीए सख्त, बिना नक्शे बनी इमारत सील और कॉलोनी ध्वस्त
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) ने महरौली गांव में 6,500 वर्ग गज में बस रही अवैध कॉलोनी पर बुलडोजर चलाया। अवंतिका में बिना स्वीकृत नक्शे का निर्माण सील।
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने बुधवार को महरौली गांव में साढ़े छह हजार वर्ग गज जमीन पर बसाई जा रही अवैध कॉलोनी पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया। इस दौरान कॉलोनाइजर ने विरोध किया तो पुलिस ने उसे खदेड़ दिया। वहीं, अवंतिका कॉलोनी में नक्शे के विपरीत निर्माण करने पर उसे सील कर दिया गया।
जीडीए जोन चार की प्रवर्तन टीम बुधवार को महरौली गांव पहुंची। जहां गांव में सुशीला त्यागी, दीपक त्यागी द्वारा करीब 6,600 वर्ग गज जमीन पर अवैध प्लाटिंग करने के लिए मिट्टी डालने का काम किया जा रहा था। कच्ची सड़क को एनएच-9 से जोड़ते हुए सीवर डालने की तैयारी की जा रही थी। प्राधिकरण से बिना स्वीकृति प्राप्त किए निर्माण करने पर इन्हें 20 नवंबर को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। इसके बाद भी निर्माणकर्ता ने नोटिस का कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। इसके बाद बुधवार को प्राधिकरण की टीम ने अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया। इस दौरान कॉलोनाइजर द्वारा विरोध किया गया, जिसे पुलिस बल ने खदेड़ दिया।
इसके अतिरिक्त अवंतिका कॉलोनी में निर्माणकर्ता मनोज बेनीवाल और विजया बेनीवाल द्वारा भूखंड संख्या सीडी-16ए पर प्राधिकरण से स्वीकृत मानचित्र के विपरीत निर्माण कार्य कराया जा रहा था। इस संबंध में इन्हें 26 फरवरी को भी कारण बताओ नोटिस दिया गया था। इसके बाद 13 मार्च को नोटिस भेजा था। इसके बाद भी निर्माणकर्ताओं की तरफ से कोई भी संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। इसके बाद प्राधिकरण ने बुधवार को इस निर्माण को सील कर दिया। मौके पर प्राधिकरण के अधिकारी, सचल दस्ता और पुलिस बल मौजूद रहे। अधिकारियों के अनुसार अवैध रूप से निर्माण करने वालों पर आगे भी कार्रवाई की जाएगी। लोगों से भी अवैध रूप से बनी कॉलोनियों में जमीन न खरीदने की अपील की जा रही है।
अवैध निर्माण के विरोध पर मारपीट
गाजियाबाद में अवैध निर्माण का विरोध करने पर पड़ोसियों द्वारा घर में घुसकर मारपीट, महिलाओं से छेड़छाड़ और जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया है। काशीराम आवास योजना निवासी महिला ने पुलिस को बताया कि उसके मकान के पीछे रहने वाला बब्बू उस हिस्से में निर्माण करा रहा था, जहां पानी की पाइपलाइन और शौचालय की निकासी व्यवस्था है। उसने इसका विरोध किया। आरोप है कि 23 जुलाई की रात बब्बू, अनिल, राजेंद्र और सनी उसके घर में जबरन घर में घुस गए। महिला के मुताबिक आरोपियों ने उसके साथ मारपीट की और उसकी पुत्रियों के साथ छेड़छाड़ की।