करनाल धान घोटाले में बड़ी कार्रवाई, पूर्व मंडी सचिव आशा बर्खास्त, दो अधिकारी डिमोट
करनाल धान घोटाले में हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड की बड़ी कार्रवाई। पूर्व मंडी सचिव आशा बर्खास्त, असंध व घरौंडा के पूर्व सचिवों का डिमोशन।
करनाल: पिछले धान सीजन में ई-खरीद पोर्टल से गेटपास जारी करने में लापरवाही सामने आने पर निलंबन के नौ माह बाद करनाल अनाज मंडी की पूर्व सचिव आशा को पद से बर्खास्त कर दिया गया है।
आशा नीलोखेड़ी से पूर्व विधायक मामूराम गोंदर की बेटी हैं। असंध के पूर्व सचिव कृष्ण धनखड़ और घरौंडा के पूर्व सचिव चंद्र प्रकाश को 3 साल के लिए पदावनत किया है। यह कार्रवाई हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड ने जिले में हुए धान घोटाले में विभागीय जांच के बाद की है। बोर्ड की जांच में सामने आया कि तीनों अधिकारियों ने ई-खरीद पोर्टल से जारी होने वाले गेटपासों की प्रभावी निगरानी नहीं की। एक से अधिक आईपी एड्रेस से गेटपास जारी होने और मंडियों में वास्तविक आवक से अधिक धान के गेटपास जारी हुए हैं। रिपोर्ट के अनुसार अधिकारियों ने अपने अधीनस्थ कर्मचारियों पर नियंत्रण नहीं रखा, इससे यह गड़बड़ी हुई।
जांच के दौरान इन आरोपियों ने महत्वपूर्ण साक्ष्य, सीसीटीवी कैमरों की फुटेज आदि भी उपलब्ध नहीं कराए, इसे भी विभाग ने गंभीर लापरवाही माना है। रिपोर्ट में इन तीनों पूर्व अधिकारियों ने दोबारा जांच की मांग भी उठाई।
बोर्ड ने सभी पक्षों को सुनने और जांच रिपोर्ट पर विचार करने के बाद यह कार्रवाई की है। पिछले सीजन में करनाल, असंध और घरौंडा मंडी से 20 करोड़ के धान का गबन सामने आया था। ऐसे में पुलिस के अलावा विभागीय जांच भी जारी है।